रांचीः झारखंड की लोक संस्कृति एवं परंपरा को संजोए रखने वाला ‘राजधानी टुसू महोत्सव’ रविवार को हर्ष उल्लास एवं पारंपरिक उत्साह के साथ संपन्न हुआ. रांची की सड़कों पर सुंदर छटा बिखरी
महोत्सव में बड़ी संख्या में आस पास के ग्रामीण, महिलाएं, युवा, बच्चे शामिल हुए. टुसू की झांकी मेन रोड में चोडल के साथ नृत्य-संगीत करते हुए निकली. यह कार्यक्रम ‘झारखंडी भाषा खतियान संस्कृति समिति’ के द्वारा किया गया.
इस मौके पर कार्यक्रम के संरक्षक देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि टुसू महोत्सव केवल एक पर्व नहीं बल्कि यह झारखंड की सामाजिक एकता, सांस्कृतिक पहचान और लोक आस्था का प्रतीक है. ऐसे आयोजन में नई पीढ़ी को अपनी परंपरा से जुड़ने में मदद मिलती है.
इस महोत्सव में राजधानी के आस-पास विभिन्न क्षेत्रों से संस्कृति प्रतिभागी सम्मिलित हुए। कुंवारी कन्याओं द्वारा विधिवत टुसू थापन, टुसू पुजन, टुसू वंदना एवं नृत्य किया गया. इसके बाद पारंपरिक व्यंजन खपरा पीठा, गुड पीठा, खिचड़ी का वितरण किया गया।. कार्यक्रम मंच में कई प्रसिद्ध कलाकारों ने सुंदर प्रस्तुति दी.
कार्यक्रम में मुख्य रूप से विजय सिंह, मजबूल खान, पूजा महतो, दीपक रवानी, अनंत महतो, निवेदिता देवी, बिहारी महतो, संतोष महतो, सष्टी रंजन, गोपेश्वर महतो, सूरज साहू, काजल महतो, राजीव तुलसी, महावीर साहू, नवीन महतो, संजय महतो, महिपाल आदि हजारों की संख्या में मोजूद रहे.
