रांचीः झारखंड सरकार में शामिल कांग्रेस के चार मंत्री अपने- अपने प्रभार वाले जिलों में नियमित तौर पर जनता दरबार लगाएंगे. इसका मकसद जनता की समस्या का समाधान करना संगठन व सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है.
झारखंड प्रदेश कांग्रेस ने अपने चार मंत्रियों को अलग- अलग जिलों का प्रभार दिया है. मीडिया चेयरमैन सतीश पौल मुंजनी ने बताया कि इस व्यवस्था के तहत कांग्रेस विधायक अपने-अपने क्षेत्रों की जन समस्याओं को सीधे संबंधित मंत्रियों तक पहुंचाएंगे. मंत्री इन समस्याओं के समाधान के लिए विभागीय स्तर पर कार्रवाई करेंगे ताकि आम लोगों को समय पर राहत मिल सके.
उन्होंने बताया कि मंत्री राधा कृष्ण किशोर को पलामू, गढ़वा, लातेहार, पश्चिमी सिंहभूम, पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिलों की जिम्मेदारी दी गई है. इन जिलों से जुड़े विधायकों में डॉ रामेश्वर उरांव, रामचंद्र सिंह और सोनाराम सिंह शामिल हैं.
डॉ इरफान अंसारी को धनबाद, बोकारो, गिरिडीह, हजारीबाग, रामगढ़, कोडरमा और चतरा जिले का प्रभार सौंपा गया है. इन क्षेत्रों से जुड़े विधायक ममता देवी और अनूप सिंह के साथ वे समन्वय बनाकर जनसमस्याओं के समाधान की दिशा में काम करेंगे.
मंत्री दीपिका पांडे सिंह को गोड्डा, दुमका, पाकुड़, साहिबगंज, देवघर और जामताड़ा जिलों की जिम्मेदारी दी गई है. इन जिलों में निशात आलम, श्वेता सिंह और सुरेश बैठा विधायक उनके साथ समन्वय करेंगे.
वहीं, मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की को रांची, खूंटी, सिमडेगा, गुमला और लोहरदगा जिले सौंपे गए हैं, जहां वे विधायक नमन विक्सल कोनगाड़ी और भूषण बाड़ा के साथ मिलकर काम करेंगी.
