अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर अन्य दो अंतरिक्ष यात्रियों के साथ स्पेसएक्स के ड्रैगन कैप्सूल के ज़रिए पृथ्वी पर लौट आए हैं. अंतरिक्ष यात्रियों को स्पेस स्टेशन से धरती पर पहुँचने में 17 घंटों का लंबा वक्त लगा.
एस्ट्रोनॉट्स को स्पेसएक्स के ड्रैगन अंतरिक्ष यान द्वारा सुरक्षित रूप से फ्लोरिडा के तट पर उतारा गया.
भारतीय समयानुसार सुबह 3.27 बजे ऑर्बिट बर्न का प्रोसेस पूरा होने के बाद फ्लोरिडा के तट पर अंतरिक्ष यात्रियों के उतरते ही सुनीता विलियम्स के गुजरात के पैतृक गांव में जश्न शुरू हो गया.
धरती पर लौटे अंतरिक्ष यात्रियों को एक सुंदर और अप्रत्याशित अनुभव हुआ. उनका स्वागत डॉल्फिन्स ने किया.
समुद्र में गिरने के बाद कैप्सूल के चारों ओर जिज्ञासु डॉल्फिनों का एक समूह चक्कर लगा रहा था. इसके बाद उनको रिकवरी पोत से कैप्सूल से निकाला गया.
कैप्सूल से निकलने से ठीक पहले सुनीता विलियम्स और विलमोर ने कैमरे की ओर हवा में हाथ हिलाकर ख़ुशी ज़ाहिर की.
नौ महीने बाद लौटे
बीते साल जून में महज़ आठ दिनों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन पर गए ये दोनों एस्ट्रोनॉट नौ महीनों बाद लौट पाए हैं.
बोइंग का जो स्टारलाइनर यान उन्हें वापस धरती पर लाने वाला था वो ख़राब हो गया था इसलिए उन्हें इतना लंबा इंतज़ार करना पड़ा.
उन्हें आख़िरकार एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स का ड्रैगन कैप्सूल फ्लोरिडा के तट पर सुरक्षित रूप से उतारा.
समंदर के सतह पर आने के बाद कंट्रोल सेंटर की ओर से अंतरिक्ष यात्रियों का स्वागत करते हुए कहा गया, “निक, एलेक, बुच, सुनी…स्पेसएक्स की ओर से घर वापस आने का स्वागत है.”
कमांडर निक हेग ने ख़ुशी ज़ाहिर करते हुए जवाब दिया, “कैप्सूल में सभी के चेहरे पर मुस्कुराहटों से भरा है.”
अंतरिक्ष यात्रियों की सेहत कैसी है?
नासा के कॉमर्शियल क्रू प्रोग्राम के मैनेजर स्टीव स्टिच के मुताबिक ‘अंतरिक्ष यात्रियों की सेहत ठीक है.’ अंतरिक्ष यात्री कुछ समय के लिए रिकवरी शिप पर रहेंगे और फिर उन्हें ह्यूस्टन ले जाया जाएगा.
उन्होंने अपनी टीम का शुक्रिया कहा और ‘नासा की ज़रूरतों के मुताबिक खुद को ढालने’ के लिए अमेरिकी अरबपति एलमस्क की कंपनी स्पेसएक्स की तारीफ़ की.
स्टीव स्टिच ने कहा कि वे अंतरिक्ष में रहते हुए बिताए गए अपने समय के बारे में बात करेंगे और फिर छुट्टी पर चले जाएंगे.
सुनीता विलियम्स ने दो स्पेसवॉक किए
सुनीता विलियम्स ने दो स्पेसवॉक किए. एक में उनके साथ विल्मोर और दूसरे में हेग शामिल थे. अंतरिक्ष में 900 घंटे से अधिक समय तक शोध के साथ 150 से अधिक अद्वितीय वैज्ञानिक प्रयोग किए गए.
इस शोध में पौधों की वृद्धि और गुणवत्ता पर जांच शामिल थी, साथ ही रक्त रोगों, ऑटोइम्यून विकारों और कैंसर को संबोधित करने के लिए स्टेम सेल तकनीक की क्षमता भी शामिल थी.
मिशन के दौरान कितने मील की यात्रा?
बताया गया है कि सुनीता विलियम्स और विल्मोर ने अपने मिशन के दौरान 121,347,491 मील की यात्रा की. अंतरिक्ष में 286 दिन बिताए और पृथ्वी के चारों ओर 4,576 परिक्रमा पूरी की.
हेग और गोरबुनोव ने अपने मिशन के दौरान 72,553,920 मील की यात्रा की, अंतरिक्ष में 171 दिन बिताए और पृथ्वी के चारों ओर 2,736 परिक्रमा पूरी कीं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुनीता विलियम्स को पत्र लिखकर भारत आने का निमंत्रण दिया है. पहली मार्च को लिखे और नासा के पूर्व अंतरिक्ष यात्री माइक मैसिमिनो के माध्यम से भेजे गए इस पत्र को केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक्स पर साझा किया है.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नासा की कार्यवाहक प्रशासक जेनेट पेट्रो ने कहा, “हम सुनीता, बुच, निक और एलेक्जेंडर की सुरक्षित घर वापसी पर रोमांचित हैं.” उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर नासा और स्पेसएक्स की एक महीने की मेहनत रंग लाई. अंतरराष्ट्रीय चालक दल और धरती पर मौजूद हमारी टीमों ने सभी को घर वापस लाने में कड़ी मेहनत की.
