रांचीः भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने डीजीपी अनुराग गुप्ता का स्वैच्छिक सेवानिवृति का आवेदन स्वीकार कर नए कार्यकारी डीजीपी नियुक्त किए जाने पर प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए कहा है कि देर से ही सही, सरकार ने अनुराग गुप्ता को बाहर का रास्ता दिखाया.
मरांडी ने कहा है कि हम काफी पहले से डीजीपी को हटाने का सुझाव देते रहे थे. लेकिन विवादों से घिरे अधिकारी को इस कुर्सी पर बिठाये रखा गया.
इसके साथ ही उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा है कि आगे राज ज्यादा नहीं खुले, इसके लिए गुप्ता को किसी सम्मानजनक पद पर सरकार बैठा दे. क्योंकि कहीं ऐसा न हो कि आदतन ये शख्स “घर का भेदी-लंका ढ़ाहे” की तर्ज़ पर आग लगाने का काम शुरू कर दें.
बीजेपी नेता ने कहा, “विपक्ष के रूप में हमने न सिर्फ़ आपकी सरकार की अवैध नियुक्तियों और मनमानी पर सवाल उठाए, बल्कि यह भी स्पष्ट कहा था कि राज्य के डीजीपी पद पर बैठे अनुराग गुप्ता की नियुक्ति पूरी तरह असंवैधानिक और अवैध है. हमने बार-बार सीएम से आगाह किया कि इस पर शीघ्र कार्रवाई करें. अब जाकर सरकार की नींद टूटी. और मजबूरन अनुराग गुप्ता से इस्तीफ़ा मांगा गया.”
