राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा उच्च सदन का सदस्य मनोनीत किए जाने पर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया है.
कांग्रेस के राष्ट्रीय मीडिया पेनलिस्ट सुरेंद्र राजपूत ने सोशल मीडिया के जरिए सरकार और इस फैसले पर निशाना साधा है.
उन्होंने कहा, हरिवंश सिंह पहले एक राजनीतिक दल जेडीयू से सांसद थे, ऐसे में उन्हें राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत करना हैरान करने वाला है.
सुरेंद्र राजपूत ने सवाल किया, “क्या यह कला और संस्कृति की विभूतियों के प्रति अन्याय नहीं है? उनके नाम पर किसी कलाकार की राज्यसभा सीट खा गए. उन्हें सदन भेजना ही था तो भाजपा अपने कोटे से भेज देती.”
इधर शुक्रवार को हरिवंश ने राज्यसभा के सांसद पद की शपथ ग्रहण की है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें राज्यसभा के लिए नॉमिनेट किए जाने पर कहा है, “हरिवंश जी ने पत्रकारिता और सार्वजनिक जीवन में अमूल्य योगदान दिया है. वे एक सम्मानित बुद्धिजीवी और विचारक हैं. उन्होंने अपने गहन विचारों और अंतर्दृष्टि से पिछले कुछ वर्षों में सदन की कार्यवाही को समृद्ध किया है. मुझे प्रसन्नता है कि माननीय राष्ट्रपति जी ने उन्हें राज्यसभा के लिए नॉमिनेट किया.”
