रांची : अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर रविवार को रांची-इरगांव मार्ग पर एक यात्री ट्रेन की कमान पूरी तरह से महिला टीम ने संभाली.
इस विशेष पहल के तहत ट्रेन लोको पायलट, सहचालक, ट्रेन प्रबंधक, टिकट परीक्षक से लेकर रेलवे पुलिस फोर्स (आरपीएफ) की कर्मी तक सभी महिलाएं थीं.
यह ट्रेन सुबह 9:13 बजे रांची स्टेशन से रवाना हुई और करीब डेढ़ घंटे की यात्रा के बाद सुबह 10:40 बजे ईरगांव स्टेशन पहुंची. नौ ठहरावों के साथ इस ट्रेन ने लगभग 58 किलोमीटर की दूरी तय की. इस दौरान ट्रेन में सैकड़ों यात्री सवार थे.
दक्षिण पूर्व रेलवे की मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सुशी सिंह ने इस पहल को इसे महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया.
रेलवे में महिलाओं की बढ़ रही भूमिका
रांची की मुख्य टिकट निरीक्षक मसिरा सुरीन ने कहा कि उन्हें गर्व महसूस हो रहा है कि वे महिला दिवस के अवसर पर ट्रेन प्रबंधन का हिस्सा बनीं. उन्होंने कहा कि सरकार अब महिलाओं को समाज के हर क्षेत्र में आगे आने के लिए प्रोत्साहित कर रही है.
आरपीएफ की उपनिरीक्षक रीता कुमारी ने कहा कि समय बदल चुका है और अब महिलाएं ट्रेन में सुरक्षित रूप से अकेले यात्रा कर सकती हैं.
लोको पायलट दीपाली अमृत ने कहा कि रेलवे में महिलाओं की भूमिका और महत्व लगातार बढ़ रहा है. उन्होंने बताया कि जब वे वर्ष 2007 में रेलवे से जुड़ी थीं, तब वे अकेली महिला लोको पायलट थीं, लेकिन धीरे-धीरे महिलाओं की रुचि इस क्षेत्र में बढ़ी है. वर्तमान में हटिया मंडल में तीन महिला ट्रेन चालक और लगभग 10 सहायक ट्रेन चालक कार्यरत हैं.
