छत्तीसगढ़ में सुकमा जिले के कोंटा में माओवादियों के एक प्रेशर आईईडी विस्फोट में कोन्टा डिवीज़न के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) आकाश राव गिरीपुंजे शहीद हो गए हैं. विस्फोट की इस घटना में कोंटा टीआई और कई अन्य पुलिसकर्मी घायल हुए हैं.
यह घटना सोमवार 9 जून की सुबह डोंड्रा गांव के पास हुई. घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है. और क्षेत्र में तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है. मौके के लिए फोर्स को रवाना किया गया है.
छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा, “एएसपी सुकमा, आकाश राव गिरिपंजे कोंटा-एर्राबोरा रोड पर डोंड्रा के पास आईईडी विस्फोट में घायल होने के बाद शहीद हो गए. वह एक बहादुर जवान थे और उन्हें कई वीरता पुरस्कार दिए गए थे. यह हमारे लिए दुखद क्षण है. तलाशी और अभियान शुरू कर दिया गया है.”
आईजी बस्तर के हवाले से समाचार एजेंसी ने बताया है कि एएसपी आकाश राव गिरिपंडे भाकपा-माओवादी द्वारा दस जून को भारत बंद के आह्वान के मद्देनजर किसी भी तरह की नक्सली घटना को रोकने के लिए क्षेत्र में पैदल गश्त पर थे. सभी घायलों का कोंटा अस्पताल में इलाज चल रहा है.
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ के बस्तर में सुरक्षाबलों ने माओवादियों के ख़िलाफ़ अभियान तेज़ कर रखा है.
गृहमंत्री अमित शाह के 31 मार्च 2026 तक माओवादियों को ख़त्म करने के दावे के बीच, बस्तर में बीते 15 महीनों में सुरक्षाबलों ने 400 से ज़्यादा माओवादियों को मारने का दावा किया है.
हाल के एक महीने के दौरान सुरक्षाबलों के मुताबिक़ माओवादियों के शीर्ष नेता नंबाल्ला केशव राव उर्फ़ बसवराजू समेत दो दर्जन से अधिक माओवादी मारे गए हैं.
इसी के बाद माओवादी संगठन ने 10 जून को देशव्यापी बंद का आह्वान किया था.
बस्तर पुलिस के मुताबिक़ इसी बंद के मद्देनज़र एडिशनल एसपी आकाश राव गश्त पर निकले थे जब यह घटना हुई.
घटना के बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है साथ ही इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है.
