रांचीः झारखंड में मनिका विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस के विधायक रामचंद्र सिंह के निर्वाचन को चुनौती देने वाली याचिका को हाइकोर्ट ने खारिज कर दी है.
यह चुनौती हरेकृष्ठ सिंह ने दी थी. हाइकोर्ट के जस्टिस अरूण कुमार की अदालत ने सभी पक्षों को सुनने के बाद याचिका खारिज कर दी है.
अदालत ने कहा है कि वर्तमान मामले में याचिका निर्धारित 45 दिनों की अवधि से बहुत बाद में दायर की गयी है. चुनाव याचिका को दायर करने में देरी को अदालत न तो बढ़ा सकता है और न ही माफ कर सकता है.
जाहिर तौर पर अदालत ने इस मामले को सुनवाई के योग्य ननहीं माना है. रामचंद्र सिंह के लिए यह बड़ी राहत है.
कानून के मुताबिक चुनाव परिणाम जारी होने के 45 दिनों के अंदर ही चुनाव याचिका दायर की जा सकती है. जबकि प्रार्थी हरेकृष्ण सिंह ने 98 दिनों की देरी से 15 अप्रैल 2025 को याचिका दायर की. उन्होंने रामचंद्र सिंह पर तथ्य छुपाने के आरोप के साथ उनके निर्वाचन को चुनौती दी थी.
उनका आरोप था कि रामचंद्र सिंह ने अपने नामांकन पत्र में पत्नी के नाम पर 1.38 एकड़ में स्टोन क्रशर के बारे में कोई जानकारी नहीं दी थी.
मनिका विधानसभा क्षेत्र अनुसूचित जनजाति के लिए रिजर्व है. रामचंद्र सिंह ने यहां 2024 के चुनाव में बीजेपी के हरेकृष्ण सिंह को हराया है.
