चाईबासाः झारखंड में नक्सल प्रभावित चाईबासा के सारंडा जंगल में नक्सलियों के विस्फोट में सीआरपीएफ 60वीं बटालियन के हेड कॉन्स्टेबल महेंद्र लश्कर की मौत हो गई है.
शुक्रवार शाम को हुए आईईडी विस्फोट में महेंद्र लश्कर गंभीर रूप से घायल हो गए थे. उन्हें इलाज के लिए राउरकेला ले जाया गया था. इलाज के दौरान शनिवार को उन्होंने खिरी सांस ली..
झारखंड पुलिस मुख्यालय ने उनके शहीद होने की पुष्टि की है. 133 बटालियन मुख्यालय साआरपीएऱ धुर्वा, रांची में शहीद का पार्थिव शरीर लाया जाएगा, जहां उन्हें श्रद्धांजलि दी जाएगी. महेंद्र लश्कर असम के रहने वाले थे.
यह विस्फोट उस समय हुआ जब जवानों की टीम इलाके में सर्च ऑपरेशन चला रही थी.
आईईडी लगाकर सुरक्षा बलों को बनाया निशाना
जानकारी के मुताबिक, नक्सलियों ने सारंडा जंगल के टोंटो थाना क्षेत्र में आईईडी लगाकर सुरक्षा बलों को निशाना बनाया था.
पहले विस्फोट में सीआरपीएफ के इंस्पेक्टर कौशल कुमार मिश्रा घायल हो गए, जिन्हें तत्काल राउरकेला के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया. इसके बाद नक्सलियों ने दूसरा विस्फोट किया, जिसमें एएसआई रामकृष्ण गागराई और हेड कॉन्स्टेबल महेंद्र लश्कर घायल हो गए.
इन दोनों को भी हेलीकॉप्टर से राउरकेला ले जाया गया. फिलहाल एएसआई रामकृष्ण गागराई का इलाज चल रहा है.
इधर सुरक्षा बलों ने जंगल के बड़े हिस्से को घेर लिया है और नक्सलियों की तलाश में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया गया है. वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर हालात की निगरानी कर रहे हैं.
