रांची- अपराध अनुसंधान विभाग के अधीन संचालित साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने टेलीग्राम एप पर ओमान, बांग्लादेश व संयुक्त अरब अमीरात के लोगों को बाल यौन शोषण से संबंधित सामग्री की खरीद-बिक्री मामले में गिरिडीह से दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया है.
दोनों के नाम वहाब अंसारी व हसन रजा हैं. साइबर अपराध थाने की पुलिस ने अनुसंधान और तकनीकी विश्लेषण के क्रम में गिरिडीह जिला अंतर्गत कोलडीह क्षेत्र में छापेमारी कर दोनों को पकड़ा है.
इस कार्रवाई को लेकर सीआईडी ने जारी रिलीज में बताया है कि गिरफ्तार आरोपियों के पास से मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरण बरामद किए हैं. जांच में आनलाइन चाइल्ड सेक्सुअल एब्यूज से संबंधित सामग्री मिली है.
गुप्त सूचना पर साइबर अपराध थाने की पुलिस ने 30 मार्च 2026 को कांड संख्या 41/26 में यह प्राथमिकी दर्ज की थी. यह प्राथमिकी ऑनलाइन बाल यौन शोषण व अब्यूज मेटेरियल के अवैध प्रसार व विक्रय से संबंधित थी.
अब इस मामले में डिजिटल साक्ष्यों का संकलन कर अग्रेतर अनुसंधान किया जा रहा है तथा इस नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों की पहचान के लिए आगे की कार्रवाई जारी है.
टेलीग्राम चैनल और क्लाउड स्टोरेज
जांच के दौरान कई टेलीग्राम चैनल और व्हाट्सऐप ग्रुप की पहचान की गई है. इनमें उपरोक्त आरोपित सक्रिय सदस्य के रूप में जुड़े हुए थे तथा आपत्तिजनक सामग्री का आदान-प्रदान एवं प्रसार कर रहे थे.
अनुसंधान में यह भी सामने आया कि इन आरोपितों का एक बड़ा समूह है, जिसमें देश-विदेश के विभिन्न हिस्सों से सहयोगी जुड़े हैं. ये देश के विभिन्न हिस्सों से बाल यौन शोषण से संबंधित अश्लील वीडियो, फोटो आदि टेलीग्राम एप पर मंगाते थे, उसकी क्लाउड स्टोरेज करते थे.
इसी समूह के माध्यम से ग्राहक तलाशते थे, क्यूआर कोड के माध्यम से पैसे मंगाते थे और उन्हें क्लाउड एक्सेस की सुविधा देते थे।
साइबर अपराध थाने की पुलिस ने इनके बैंक खातों को भी तलाशा है, जिसमें अवैध तरीके से राशि आने के सबूत मिले हैं. आपत्तिजनक अश्लील सामग्री ओमान, बांग्लादेश व संयुक्त अरब अमीरात के नागरिकों को भी ऑनलाइन माध्यम से बेचा गया था. अब पुलिस आपत्तिजनक सामग्री के स्रोत को भी खंगाल रही है.
झारखंड पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि ऑनलाइन चाइल्ड सेक्सुअल अब्यूज मटेरियल से संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी होने पर नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल के वीमेन एंड चाइल्ड सेक्शन में शिकायत दर्ज कराएं. शिकायत वीमेन एंड चाइल्ड अभियान के माध्यम से दर्ज कराई जा सकती है.
