रांचीः कांग्रेस की युवा इकाई ने परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक होने और शिक्षा क्षेत्र में केंद्र सरकार की कथित विफलताओं के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए रविवार को यहां मैराथन का आयोजन किया.
यह मैराथन परीक्षा प्रश्नपत्र लीक होने के खिलाफ कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान का हिस्सा है. इस अभियान के जरिये छात्रों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए जवाबदेही तय करने की मांग भी की जा रही है.
पार्टी नेताओं ने बापू वाटिका से मैराथन को हरी झंडी दिखाई. इस दौरान युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभान चिब और कांग्रेस की छात्र इकाई भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) के प्रभारी कन्हैया कुमार भी मौजूद थे.
कन्हैया कुमार का हमला
एनएसयूआई के राष्ट्रीय प्रभारी कन्हैया कुमार ने केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों पर तीखा हमला बोलते हुए लगातार हो रहे पेपर लीक, प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितताओं और युवाओं में बढ़ती बेरोजगारी को गंभीर राष्ट्रीय समस्या बताया। उन्होंने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था आईसीयू में चली गई है. इसके लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान जिम्मेदार हैं और पूरा देश उनके इस्तीफे की मांग कर रहा है.
सभा को संबोधित करते हुए कन्हैया कुमार ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार पेपर लीक होने से करोड़ों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है, लेकिन केंद्र सरकार इस समस्या के समाधान के प्रति गंभीर नहीं है.
राहल गांधी तक पहुंचाया जाएगा
उन्होंने कहा कि इन मुद्दों और छात्रों के सुझावों को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तक पहुंचाया जाएगा, ताकि शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए संसद में प्रभावी ढंग से आवाज उठाई जा सके.
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कोटा से छात्रों के साथ जो संवाद शुरू किया था, वह अब 28 शहरों में चल रहे ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के रूप में देशव्यापी जनआंदोलन बन चुका है.
उन्होंने कहा कि इन मुद्दों और छात्रों के सुझावों को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तक पहुंचाया जाएगा, ताकि शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए संसद में प्रभावी ढंग से आवाज उठाई जा सके.
युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभान चिब ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पेपर लीक एक संगठित नेटवर्क का रूप ले चुका है और इससे मेहनत करने वाले लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है.
इस मौके पर झारखंड सरकार के मंत्री राधाकृष्ण किशोर, विधायक शिल्पी नेहा तिर्की, नमन बिक्सल कोंगाड़ी, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय और कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहे.
