रांचीः झारखंड प्रदेश भारतीय जनता पार्टी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को दावोस में मिले तथाकथित “व्हाइट बैज सम्मान” को पूरी तरह भ्रामक और मिथक आधारित दुष्प्रचार करार दिया है.
भाजपा प्रवक्ता अजय साह ने कहा कि इसे किसी विशेष सम्मान के रूप में प्रस्तुत करना न केवल तथ्यहीन है, बल्कि यह अंतरराष्ट्रीय मंच पर झारखंड की छवि को नुकसान पहुँचाने वाला गैर-जिम्मेदाराना प्रयास है.
अजय साह का कहना है कि दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) एक बहु-दिवसीय वैश्विक सम्मेलन होता है, जिसके अंतर्गत कई समानांतर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जैसे—सेमिनार, टॉक शो, पैनल डिस्कशन और विषयगत बैठकें. इस मंच पर विश्व के विभिन्न देशों से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, वरिष्ठ नौकरशाह, वैज्ञानिक, विश्वविद्यालयों के चांसलर, प्रख्यात लेखक, कॉरपोरेट जगत के सीईओ, उद्योगपति, निवेशक और बैंकर बड़ी संख्या में भाग लेते हैं. इतने विशाल और विविधतापूर्ण आयोजन के सुचारु संचालन के लिए वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम द्वारा एक सुव्यवस्थित प्रोटोकॉल तैयार किया गया है.
इसी प्रोटोकॉल के तहत प्रतिभागियों और अधिकारियों की पहचान एवं भूमिका स्पष्ट करने के लिए अलग-अलग श्रेणियों को अलग-अलग रंगों के कोडेड बैज प्रदान किए जाते हैं. उदाहरण के तौर पर, राष्ट्राध्यक्षों को सिल्वर बैज दिया जाता है, जबकि सरकार में उच्च संवैधानिक या प्रशासनिक पदों पर आसीन प्रतिनिधियों को व्हाइट बैज दिया जाना एक सामान्य प्रक्रिया है.
अजय साह ने कहा कि इस सामान्य पहचान प्रक्रिया को “सर्वोच्च अंतरराष्ट्रीय सम्मान” के रूप में प्रचारित करना न केवल अपरिपक्व सोच को दर्शाता है, बल्कि इससे वैश्विक मंच पर झारखंड की गंभीरता और विश्वसनीयता पर भी प्रश्नचिह्न लगता है. उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि इसी प्रक्रिया के तहत व्हाइट बैज भारत के कई अन्य नेताओं को भी प्राप्त हुआ है, लेकिन इस तरह का भ्रामक और अतिरंजित प्रचार किसी अन्य राज्य द्वारा नहीं किया गया.
