खूंटीः झारखंड के खूंटी स्थित रिमिक्स फॉल में शनिवार को नहाने के दौरान गहरे पानी में डूबने से रांची के डोरंडा थाना क्षेत्र के बड़ा घाघरा निवासी 20 वर्षीय छात्र निलेश कच्छप की मौत हो गई.
निलेश संत लुईस इंटर कॉलेज, पुरूलिया रोड, रांची में 11वीं कक्षा का छात्र था. वह सेवानिवृत्त सैनिक सुशील कच्छप का पुत्र था. वर्तमान में उसके पिता रांची एयरपोर्ट में कार्यरत हैं.
परिजनों के अनुसार, निलेश शनिवार सुबह करीब 7 बजे घर से कॉलेज जाने की बात कहकर निकला था. इसके बाद अपने दोस्तों के साथ चार बाइक पर सवार होकर करीब 8:30 बजे रिमिक्स फॉल पहुंच गया.
बताया जा रहा है कि दोस्तों में से किसी एक का जन्मदिन था और सभी कॉलेज से बंक मारकर जन्मदिन मनाने रिमिक्स फॉल पहुंचे थे.
गहरे पानी में जाने से रोकते रहे कार्यकर्ता
जानकारी के अनुसार, करीब 10:30 बजे निलेश फॉल के पानी में नहाने के लिए उतरा. वहां तैनात रिमिक्स फॉल कार्यकर्ताओं ने उसे गहरे पानी में जाने से रोकने की कोशिश की, लेकिन उसने उनकी बात नहीं मानी. देखते ही देखते वह गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा.
निलेश को डूबता देख उसके दोस्तों ने शोर मचाया. आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे. प्रशासन की ओर से उपलब्ध कराए गए लाइफ जैकेट पहनकर ग्रामीण पानी में उतरे और उसकी तलाश शुरू की। घटना की सूचना मारंगहादा थाना पुलिस को भी दी गई.

पुलिस और ग्रामीणों ने चलाया संयुक्त रेस्क्यू
सूचना मिलते ही मारंगहादा थाना प्रभारी युगेश कुमार सिंह तीन अन्य पुलिस पदाधिकारियों और जवानों के साथ रिमिक्स फॉल पहुंचे. पुलिस और ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान चलाया. करीब एक बजे निलेश को गहरे पानी से बाहर निकाला गया.
इसके बाद पुलिस उसे तत्काल मारंगहादा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंची। वहां चिकित्सक डॉ. कुमार आलोक बिहारी ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया. पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया.
तैरना नहीं आता था निलेश को
परिजनों ने बताया कि निलेश को तैरना नहीं आता था. इसके बावजूद वह गहरे पानी में चला गया। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। दोस्तों और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कराने के बाद शव को बड़ा घाघरा, डोरंडा स्थित उसके घर ले जाया गया।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
हादसे के बाद रिमिक्स फॉल में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं. हालांकि मौके पर तैनात कार्यकर्ताओं द्वारा निलेश को गहरे पानी में जाने से रोकने की कोशिश किए जाने की बात सामने आई है. इसके बावजूद वह पानी में आगे चला गया. स्थानीय लोगों का कहना है कि पर्यटक स्थलों पर गहरे पानी वाले हिस्सों में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी को और मजबूत किए जाने की जरूरत है.
