धनबादः झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के प्रमुख और डुमरी से विधायक जयराम महतो की अग्रिम जमानत याचिका पर गुरुवार को एमपी-एमएलए कोर्ट में सुनवाई हुई. अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अग्रिम जमानत पर आदेश के लिए 14 सितंबर 2026 की तारीख निर्धारित की है.
विशेष न्यायाधीश दुर्गेश चंद्र अवस्थी की अदालत में बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता शाहनवाज ने दलीलें रखीं. वहीं अपर लोक अभियोजक सत्येंद्र कुमार राय ने केस डायरी में दर्ज तथ्यों का हवाला देते हुए अग्रिम जमानत का विरोध किया.
अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अग्रिम जमानत पर आदेश के लिए 14 सितंबर 2026 की तारीख निर्धारित की.
इससे पहले कोर्ट ने पिछली सुनवाई में केस डायरी देने को कहा था. पुलिस ने केस डायरी कोर्ट को भेज दी है.
बरवाअड्डा थाना का मामला
बरवाअड्डा थाना में डुमरी विधायक और उनके समर्थकों और बड़ापिछरी पंचायत की मुखिया यशोदा देवी के समर्थकों के बीच हुई झड़प के आरोप में थाना प्रभारी रवि कुमार की शिकायत पर 22 अगस्त को जयराम महतो समेत 10 लोगों के खिलाफ कांड संख्या 146/26 दर्ज किया गया है.
प्राथमिकी में बाकी नौ लोगों में दिलीप चौधरी, सुशील मंडल, महेंद्र साव, राजकुमार मंडल, जीतेंद्र हजारी, अजय दास, गोलक महतो, रंजीत कुमार, राजेश महतो शामिल हैं. साथ ही 4-50 लोग अज्ञात हैं.
इन पर सरकारी काम में बाधा, लोकसेवक के साथ धक्का मुक्की, गाली-गलौज करने और धमकाने का आरोप है.
प्राथमिकी में आरोप है कि गणेश दास को एक मामले में गिरफ्तार कर बरवाअड्डा थाना की हाजत में रखा गया था. उसकी गिरफ्तारी की जानकारी मिलने के बाद विधायक जयराम महतो करीब 40-50 समर्थकों के साथ थाना पहुंचे.
आरोप है कि विधायक ने पुलिस पदाधिकारियों से अभद्र व्यवहार किया और अपने समर्थकों से हाजत में बंद गणेश दास को बाहर निकालने के लिए कहा.
जयराम के समर्थक हाजत की ओर बढ़ने लगे. उन्हें रोकने के दौरान विधायक ने उन्हें धक्का दिया.
हालांकि जयराम इन आरोपों को मनगढ़ंत और बेबुनियाद बताते रहे हैं.
इस मामले में विधायक जयराम महतो, सुशील मंडल, महेंद्र साव और राजकुमार मंडल की ओर से अग्रिम जमानत याचिका दायर की गई .
उनकी अग्रिम जमानत याचिका पर राजनीतिक और प्रशासनिक हलके की नजरें टिकी हैं..
