बंगाल पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने बड़ी कार्रवाई के तहत भाकपा -माओवादी के शीर्ष नेता, सेंट्रल कमेटी मेंबर असीम मंडल उर्फ ‘आकाश’ को पूर्व मेदिनीपुर जिले के पटाशपुर से गिरफ्तार किया है.
आकाश को गुरुवार सुबह पटाशपुर के नैपुर इलाके से पकड़ा गया. असीम मंडल की ससुराल पटाशपुर में है और वह हाल ही में एक व्यक्ति की मदद से भेष (हुलिया) बदलकर वहां पहुंचा था.
पुलिस के मुताबिक असीम पर झारखंड में एक करोड़ और ओडिशा में 1.20 करोड़ का इनाम था. उसके खिलाफ 55 से अधिक नक्सल कांड दर्ज हैं.
बंगाल के सीएम ने क्या बताया
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने एक्स पर असीम मंडल की गिरफ्तारी की जानकारी दी है. इस कार्रवाई को लेकर उन्होंने कोलकाता पुलिस एसटीएफ के अधिकारियों और कर्मचारियों की सराहना करते हुए बताया है कि STF ने सीपीआई (माओवादी) सेंट्रल कमेटी के सदस्य और वेस्ट बंगाल स्टेट कमेटी-1 के सचिव असीम मंडल उर्फ आकाश को पटाशपुर के ललाट इलाके से गिरफ्तार किया गया है.
सीएम अधिकारी ने कहा, “15 से ज़्यादा सालों तक अलग-अलग राज्यों के जंगलों में सुरक्षा एजेंसियों से बचते रहने के बाद, सटीक तकनीकी जानकारी के आधार पर उसकी गिरफ्तारी हमारी पुलिस फोर्स की बेहतरीन ऑपरेशनल काबिलियत को दिखाती है. मैं साफ तौर पर कहना चाहता हूँ कि पश्चिम बंगाल सरकार हमारे राज्य की सीमाओं के भीतर ‘रेड टेरर’ (नक्सली हिंसा) के नेटवर्क को फिर से शुरू करने या फैलाने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं करेगी.”
झारखंड में लंबे समय से तलाश
झारखंड पुलिस को मंडल की लंबे समय से तलाश थी. उसके सरेंडर करने के साथ ही झारखंड में माओवादियों की जड़ें लगभग उखड़ गई है. .
हाल ही में मंडल के दस्ते के तीन प्रमुख सदस्य, 15 लाख का इनामी रामप्रसाद मार्डी, उसकी पत्नी दस लाख की इनामी मीता उर्फ नयनतारा और एक अन्य महिला माओवादी बुलु उर्फ गौरी ने बंगाल के बांकुड़ा में सरेंडर किया है. इन तीनों के सरेंडर करने के बाद माना जा रहा था कि मंडल भी बंगाल में सरेंडर कर सकता है.
सुरक्षा बलों के लिए मंडल का आत्मसमर्पण इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि वह संगठन के सिर्फ नेतृत्व में शामिल बताया जाता है . झारखंड पुलिस बंगाल पुलिस के संपर्क में है. एक टीम जल्दी ही वहां जा सकती है.
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, वह झारखंड के कोल्हान और सारंडा क्षेत्र समेत बंगाल-झारखंड सीमा से लगे इलाकों में लंबे समय से माओवादी गतिविधियों से जुड़ा रहा था.
आकाश उर्फ असीम मंडल (64) मूल तौर पर पश्चिम मेदिनीपुर जिले के चंद्रकोना थाना क्षेत्र के फूलचक गांव का रहने वाला बताया जाता है.
1980 के दशक में छात्र जीवन से ही वामपंथी आंदोलन से जुड़ने वाले असीम मंडल बाद में पीपुल्स वार ग्रुप से जुड़ा और वर्ष 2004 में भाकपा (माओवादी) के गठन के बाद संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी तक पहुंचा.
