रांचीः केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु ने कहा है कि रांची एयरपोर्ट के विस्तार के लिए 100 करोड़ रुपये उपलब्ध हैं और इसी राशि से नए कार्य शुरू किए जाएंगे. साथ ही रांची एयरपोर्ट को सिर्फ राज्यों की राजधानियों और महानगरों से जोड़ना उद्देश्य नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी को ध्यान में रखते हुए विस्तार की योजना बनाई जा रही है.
रांची दौरे पर आए केंद्रीय मंत्री ने बुधवार को रांची एयरपोर्ट में एक कार्यक्रम में यह बात कही. इससे पहले उन्होंने यात्रियों को बेहतर और आरामदायक सफर का अनुभव देने के लिए एयरपोर्ट पर चार नई आधुनिक सुविधाओं का उद्घाटन किया.
इन सविधाओं में फीचर वॉल, उड़ान यात्री कैफे, किड्स जोन और फ्लायब्ररी शामिल हैं. इससे पहले उन्होंने भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा का अनावरण भी किया.
तेजी लाने का प्रयास करेंगे
उन्होंने कहा कि दिल्ली लौटने के बाद जमीन हस्तांतरण की प्रक्रिया में तेजी लाने का प्रयास किया जाएगा। जमीन मिलते ही एयरपोर्ट पर कैट-टू लाइट जैसी अत्याधुनिक नेविगेशन सुविधा स्थापित की जाएगी। इससे खराब मौसम, कोहरे और देर रात में भी विमानों की लैंडिंग आसान होगी तथा फ्लाइट रद होने की समस्या में कमी आएगी. यात्रियों को इसका सीधा लाभ मिलेगा.
शहरों के लिए सीधी उड़ान की मांग
समारोह में रांची के सांसद तथा रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने रांचीवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग उठाई. उन्होंने केंद्रीय मंत्री से रांची से सीधे पुणे, बेंगलुरु, वाराणसी समेत अन्य प्रमुख शहरों के लिए विमान सेवा शुरू करने का आग्रह किया.
उन्होंने कहा कि आईटी, शिक्षा और रोजगार के लिए बड़ी संख्या में झारखंड के लोग पुणे समेत कई महानगरों में जाते हैं, लेकिन सीधी उड़ान नहीं होने के कारण उन्हें दिल्ली या मुंबई होकर यात्रा करनी पड़ती है.
एयरपोर्ट निदेशक विनोद कुमार ने कहा कि यात्री सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है. आने वाले दिनों में एयरपोर्ट पर और आधुनिक सुविधाएं जोड़ी जाएंगी, ताकि रांची एयरपोर्ट को विश्वस्तरीय स्वरूप दिया जा सके.
कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद महुआ माजी, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के कार्यपालक निदेशक एस.एस. राजू, उपमहाप्रबंधक मनोज प्रसाद समेत कई अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद थे.
