रांची: रांची स्थित भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपल आईटी) के हॉस्टल में शनिवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में एक छात्र की हुई मौत के बाद छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा.
छात्रावास की बुनियादी सुविधाओं और प्रबंधन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए विद्यार्थियों ने विरोध-प्रदर्शन शुरू कर दिया. छात्र रातभर धरने पर बैठे रहे. सोमवार सुबह भी प्रदर्शन जारी रहा. इसमें छात्राओं ने भी हिस्सा लिया.
छात्रों का आरोप है कि घटना के बाद आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था में गंभीर लापरवाही हुई. एंबुलेंस की चाबी खोजने में 15-20 मिनट की देरी हुई और उसमें ऑक्सीजन की सुविधा भी नहीं थी.
छात्रों ने हॉस्टलकर्मियों पर भी मौके से भाग जाने और निदेशक की अनुपस्थिति पर भी सवाल उठाये हैं.
गुस्साये छात्र रात से ही निदेशक के साथ एकेडमिक डीन के इस्तीफे, दोषी कर्मियों पर कार्रवाई और हॉस्टल की व्यवस्था की उच्चस्तरीय जांच की मांग को लेकर खेलगांव हाउसिंग कॉम्प्लेक्स स्थित अपने हॉस्टल परिसर में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं.
छात्र की मौत से गुस्साये विद्यार्थी पूरे मामले में जवाबदेही तय करने और छात्रावास की व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे हैं. साथ ही निदेशक राजीव श्रीवास्तव के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं.

मृत छात्र की पहचान बिहार के भागलपुर नौगछिया निवासी आदित्य के रूप में हुई है. वह प्रथम वर्ष का छात्र था.
आदित्य की मौत के बाद छात्रों का आरोप है कि आदित्य ने आत्महत्या की कोशिश की थी. छात्रों ने एंबुलेंस की उपलब्धता और ऑक्सीजन की सुविधा पर सवाल उठाए. उनका कहना है कि समय पर आवश्यक चिकित्सा सहायता मिलती, तो आदित्य की जान बच सकती थी.
खेलगांव थाने की पुलिस रात से ही मामले की जांच में जुटी है. इस बीच रविवार को संस्थान के निदेशक छाज्ञों को समझाने के लिए हॉस्टल परिसर पहुंचे हैं.
निदेशक डॉ. राजीव श्रीवास्तव ने कहा कि किन परिस्थितियों में छात्र की मौत हुई, इसका पता नहीं चल पाया है. पुलिस मामले की जांच कर रही है.
