सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में केंद्र सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नोटिस जारी किया है.
इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से गठित विशेष जांच टीम (एसआईटी) को अब तक हुई जांच की रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है.
भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी मोहना की पीठ ने मामले की सुनवाई की.
लाइव लॉ के मुताबिक़, केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि जांच की रिपोर्ट सीलबंद लिफ़ाफ़े में दाखिल की जाएगी.
इस मामले में एक याचिका नरेंद्र कुमार गोस्वामी ने दाखिल की है, जिसमें उन्होंने कथित चंदा चोरी की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है. उन्होंने श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के वित्तीय लेन-देन की जांच सीएजी कराने की मांग भी की है.
वहीं, अजय कुमार राय और दिनेश कुमार यादव की ओर से दायर एक याचिका में भी सीबीआई जांच की मांग की गई है.
याचिका में केंद्र सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को दानदाताओं के हितों की सुरक्षा के लिए उचित कदम उठाने के निर्देश देने की मांग की गई है.
