रांचीः ऐतिहासिक जगन्नाथपुर रथ मेला के सफल आयोजन को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज है. साथ ही मंदिर प्रबंधन भी तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटा है. इसी सिलसिले में रविवार को एडीजी मनोज कौशिक मंदिर पहुंचे और मंदिर न्यास समिति के साथ बैठक कर तैयारियों की जानकारी ली.
एडीजे ने रांची पुलिस के अधिकारियों से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किए जा रहे इंतजामात की जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए.
जगन्नाथपुर मंदिर परिसर के नीलाद्री हॉल में एडीजी की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक भी आयोजित की गई.
बैठक में रथ यात्रा, मेले की सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण, चिकित्सा सुविधा और मंदिर समिति की भूमिका सहित विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई.
इस दौरान एसएसपी राकेश रंजन, सिटी एसपी पारस राणा, ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह समेत पुलिस एवं प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, मंदिर समिति के सदस्य और विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि मौजूद रहे.
क्या है तैयारियां
मेले पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जबकि संवेदनशील इलाकों की निगरानी ड्रोन कैमरों से की जाएगी. कंट्रोल रूम के माध्यम से पूरे आयोजन पर लगातार नजर रखी जाएगी ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके.
मेला परिसर में अस्थायी चिकित्सा शिविर स्थापित किए जाएंगे, जहां डॉक्टरों और पैरामेडिकल कर्मियों की चौबीसों घंटे ड्यूटी रहेगी. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एंबुलेंस को रणनीतिक स्थानों पर तैनात रखा जाएगा, ताकि जरूरत पड़ने पर मरीजों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया जा सके.
मंदिर समिति के लिए दिशा-निर्देश
बैठक में मंदिर समिति के सदस्यों के लिए भी विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए. सभी सदस्यों को एक समान पगड़ी या निर्धारित पहचान चिह्न धारण करने को कहा गया है, जिससे भीड़ के बीच उनकी आसानी से पहचान हो सके.
निर्देश दिया गया कि समिति के सदस्य तीन से चार लोगों के समूह में कार्य करेंगे. इससे यदि कोई बच्चा अपने परिजनों से बिछड़ जाए या किसी श्रद्धालु की तबीयत बिगड़ जाए तो तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जा सके.
