पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा नेता चंपाई सोरेन ने रिम्स टू के निर्माण को लेकर रैयतों तथा आदिवासियों की जमीन लेने के मामले में मोर्चा खोल दिया है. उन्होंने कहा है कि सरकार के निर्णय के खिलाफ नगड़ी मौजा के हर गांव में डुगडुगी बजेगा और आदिवासियों का महाजुटान भी होगा.
रांची में एक प्रेस कांफ्रेंस में आरोप लगाया कि सत्ता के घमंड में सरकार ने ग्रामीणों से बिना बात किए रिम्स-2 का काम शुरू कर दिया . यह स्पष्ट नहीं किया गया कि भूमि अधिग्रहण की आखिर प्रक्रिया क्या है.
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की हठधर्मिता से नगड़ी गांव में चूल्हा जलना बंद हो गया है और ग्रामीणों को भूमिहीन कर दिया गया है.
उन्होंने आरोप लगाया कि अबुआ सरकार ने हद पार कर दी है और यह आदिवासी विरोधी सरकार है.
उन्होंने कहा कि इसके खिलाफ वहां के परिवार मिलकर कोर्ट जाएंगे. इससे पहले वहां लाखों आदिवासी वहां जुटेंगे, जितना लोगों ने सोचा नहीं होगा.
उन्होंने कहा कि वहां जो फोर्स तैनात है, वह भी मजदूर और किसान का बेटा होगा. उन्होंने कहा कि उनकी राइफल में कितनी ताकत है, यह भी देखा जाएगा.
