दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रदर्शन को लेकर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और बैरिकेडिंग के बीच प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस की कार्रवाई जारी है. विरोध प्रदर्शन के कवर करने पहुंचे कई पत्रकारों को भी हिरासत में लिये जाने का दावा किया गया है.
इससे पहले कॉकरोच जनता पार्टी के अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को पुलिस ने विमान से ही डिटेन कर लिया गया.
इस दौरान अभिजीत दीपके ने कहा कि वो गिरफ़्तारी से नहीं डरते हैं और इसके लिए तैयार हैं.
सीजेपी ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि इन्हें शनिवार को दिल्ली में विमान से ही डिटेन कर लिया गया.
दरअसल, सीजेपी के तीनों नेता मुंबई से रवाना होकर दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचे थे, तभी अभिजीत दीपके सोशल मीडिया पर लाइव आए और उनको हिरासत में ले लिया गया.
सीजेपी ने दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई को ‘तानाशाहीपूर्ण’ बताते हुए तीनों नेताओं की तत्काल और बिना किसी शर्त के रिहाई की मांग की है.
सीजेपी ने कहा, “यह कार्रवाई लोगों की आवाजाही की स्वतंत्रता का खुला उल्लंघन है.”
इस बीच द हिंदू के मुताबिक गुरुद्वारा, बंगला साहिब के पास प्रदर्शनकारी सीआईसी के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं.
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज किया और कई लोगों को बसों में बैठाकर हिरासत में ले लिया.
धुव्र राठी और रत्ना सिंह भी हिरासत में
इससे पहले जाने-माने यूट्यूबर ध्रुव राठी और सीजेपी की लीगल अफ़ेयर्स हेड रत्ना सिंह को भी पुलिस ने हिरासत में लेने की बात सामने आई है.
धुव्र राठी शुक्रवार की शाम ही दिल्ली पहुंच गए थे. रात में उन्होंने एक्स पर एक रील पोस्ट की थी. वीडियो में वह इंडिया गेट के सामने घूमते हुए दिखाई दे रहे थे.
वीडियो में ध्रुव राठी ने कहा, “मैं दिल्ली आ गया हूं. मैंने देखा कि प्रधानमंत्री ने 50 से ज़्यादा मेट्रो स्टेशन बंद कर दिए, कई ट्रेन और बसें रद्द कर दी गई हैं. प्रदर्शन की वजह से दिल्ली को लॉकडाउन पर डाल रहे हैं.”
दीपके ने क्या कहा
डिटेन किए जाने के बाद दीपके ने कहा, “आप देख सकते हैं कि देश किस दिशा में जा रहा है. हमें फ़्लाइट में ही हिरासत में लिया जा रहा है, ऐसा तो कभी इंदिरा गांधी ने भी नहीं किया था. यह तानाशाही है, लेकिन हम इनसे डरते नहीं हैं.”
अभिजीत दीपके ने उन्हें हिरासत में लेने आए पुलिसकर्मियों से कहा, “मैं आपसे डरता नहीं हूं, हम गिरफ़्तारी के लिए तैयार हैं.”
अभिजीत, सौरव और आशुतोष को हिरासत में लेने के लिए महिला पुलिसकर्मी आगे आई थीं.

नेहा बोरा दिल्ली हाट पहुंची
इस बीच ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने प्रदर्शनकारियों से दिल्ली हाट में जुटने की अपील की है.
नेहा बोरा ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा, “आज दिल्ली हाट बन गया है जंतर-मंतर! वहाँ मिलते हैं.”
नेहा बोरा के इस एक्स पोस्ट के बाद दिल्ली हाट में प्रदर्शन करती हुईं नज़र आ रही हैं.
उनके साथ भाकपा माले के महासचिव दीपंकर भट्ट्टाचार्य, सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण और सामाजिक-राजनीतिक कार्यकर्ता योगेंद्र भी हैं
वहीं, वामपंथी दलों से जुड़े स्टूडेंट संगठन भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के हेडक्वार्टर के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं.
योगेंद्र यादव ने एक्स पर कहा है, “जंतर मंतर चलो- दिल्ली चलो! मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफ़ा दें. SIR रद्द करो. चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से जुड़ा 2023 का कानून रद्द करो.”
वकीलों को हिरासत में लिया गया
विरोध प्रदर्शन के बीच दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट के पास से कई वकीलों को हिरासत में ले लिया. हिरासत में लिए गए वकीलों में सुप्रीम कोर्ट की एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड (एओआर) सुमिता हज़ारिका भी शामिल हैं.
वकीलों के बीच प्रसारित संदेशों के हवाले से बार एंड बेंच ने बताया, सुप्रीम कोर्ट के आसपास और वकीलों के चैंबर के पास से कम से कम चार अधिवक्ताओं को हिरासत में लिया गया. इनमें दो एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड भी शामिल हैं. बताया गया कि पुलिसकर्मी सभी को एक पुलिस वाहन में बैठाकर ले गए.
नेहा बोरा को ले जाने से रोक रहे
इस बीच पुलिस द्वारा नेहा बोरा को हिरासत में लिए जाने का प्रदर्शनकारी विरोध कर रहे हैं. प्रदर्शनकारी पुलिस वैन को घेरे दिख रहे हैं.
नेहा ने कहा है, हमलोग डिटेंड कर लिए गए हैं. लेकिन हमलोगों के लिए ये 192 है. उनकी जेल कुछ लोगों को बंद कर सकती है, पर सभी को नहीं. सभी कोई जंतर-मंतर पहुंचें.
राहुल गांधी और केजरीवाल की प्रतिक्रिया सामने आई है. इसके साथ ही राहुल गांधी और अरविंद केजरीवाल ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग को दोहराया है.
राहुल गांधी ने संसद के सेंट्रल हॉल में दिए गए अपने भाषण का वीडियो एक्स पर पोस्ट किया और लिखा, “ज्ञानेश कुमार जाएंगे. यह सरकार जाएगी. फिर शुरू होगी लोकतंत्र की मरम्मत.”
अरविंद केजरीवाल ने एक्स पर लिखा, “यह आपातकाल से भी बुरा है. अब यह ऑफ़िशियल हो गया है कि हम मोदी के शासन में पूरी तरह तानाशाही के दौर में जी रहे हैं. फ़्लाइट से उतरते ही लोगों को गिरफ़्तार करना डर के ऐसे लेवल को दिखाता है, जो पहले कभी नहीं देखा गया.”
टीएमसी प्रवक्ता साकेत गोखले ने ममता बनर्जी की ये तस्वीर शेयर की है.
इस बीच तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के प्रवक्ता साकेत गोखले ने एक्स पर पोस्ट कर बताया कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया है.
उन्होंने लिखा, “ममता दीदी समेत हम पांच लोगों को दिल्ली पुलिस और सीआरपीएफ ने दीदी के आवास के बाहर से हिरासत में लेकर एक पुलिस वैन में बैठाया है. हमें किसी अज्ञात स्थान पर ले जाया जा रहा है. यह भारत में लोकतंत्र की मौत है.”
वहीं, पीटीआई की मुताबिक, टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी और पार्टी के अन्य नेताओं ने साउथ एवेन्यू स्थित एक बस स्टैंड पर धरना दिया, जिसके बाद दिल्ली पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया.
