मेदिनीनगरः पलामू पुलिस ने नीलांबर-पीतांबर थाना क्षेत्र के एक जंगल से बरामद पंकज उरांव के शव का खुलासा करते हुए बताया है कि उसकी हत्या पत्नी ने ही सुपारी देकर करायी थी. इस मामले में पुलिस ने पंकज उरांव की पत्नी अनिमा समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया है.
पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने एक प्रेस कांफ्रेंस में बताया है कि अनिमा का पति के साथ अक्सर विवाद होता रहता था. उसने पुलिस को बताया है कि पति के प्रताड़ना से तंग होकर उसने पिता से दस लाख रुपये लिए और सुपारी देकर पंकज उरांव की हत्या करा दी.
हत्या से पहले हनी ट्रैप
पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस हत्याकांड में अनिमा के पिता रामजनम उरांव, सुपारी लेने वाली महिला तेतरी देवी के अलावा पिंटू कुमार, जितेंद्र उरांव और दिलेश्वर सिंह को गिरफ्तार किया है. रिंकी देवी को जो दस लाख रुपये की सुपारी दी गई थी. उसमे से आठ लाख रुपये तेतरी के खाते में जमा है.
पति से तंग अनिमा ने पिता को आपबीती बताई और कहा कि उसे मार देना ही अब एक उपाय है, वर्ना वह हमें चैन से जीने नहीं देगा.
रामजनम उरांव को नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट में जमीन के मुआवजा के लिए 50 लाख रुपए मिले थे. इसी पैसे का इस्तेमाल सुपारी के लिए किया गया.
एसपी ने बताया कि रिंकी देवी काजल कुमारी बनकर पंकज को फोन करती थी. यह एहसास जताने का प्रयास किया कि हम आपसे प्यार करते हैं. रिंकी ने ही पंकज को फोन कर सतबरवा बुलाई. इसके बाद हत्याकांड में शामिल सात अभियुक्तों ने उसकी हत्या कर शव को जंगल में फेंक दिया.
23 सितंबर को मिला था शव
पंकज उरांव पलामू के पाटन थाना क्षेत्र के बंजारी गांव का रहने वाला था. घर से वह ससुराल जाने की बात बोलकर निकला था और लापता हो गया था.
पुलिस अधिकारी ने बताया कि 23 सितंबर को लेस्लीगंज थाना पुलिस ने पंकज का शव बरामद किया था. इससे पहले पंकज उरांव के पिता बिरजू उरांव ने पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करायी थी. इसके बाद पुलिस ने तेजी से अनुसंधान शुरू किया. अनुसंधान में हत्या का खुलासा परत दर परत होता चला गया.
