रांचीः झारखंड के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल राजेंद्र आर्युविज्ञान संस्थान (रिम्स) में मरीजों को परोसे गिए भोजन खाने के बाद बीस लोगों की तबीयत बिगड़ने के मामले में गहन जांच शुरू कर दी गई है.
रिम्स प्रबंधन के द्वारा जारी बयान में बताया गया है कि प्रारंभिक जाँच में ज्यादातर अटेंडेंट (कुल 18) एवं 2 मरीजों में मुख्य रूप से उल्टी एवं दस्त के लक्षण पाए गए. वर्तमान में सभी की स्थिति स्थिर है तथा उपचार के उपरांत स्वास्थ्य में निरंतर सुधार हो रहा है.
गौरतलब है कि शनिवार की रात मरीजों को रिम्स के किचन में बने भोजन में अंडे भी दिए गए थे. इसे खाने के बाद मरीजों और उनके तीमारदारों की तबीयत बिगड़ी.
रिम्स प्रबंधन का कहना है कि इस घटना के बाद किचन मॉनिटरिंग कमेटी को तत्काल प्रभाव से सक्रिय कर दिया गया है। समिति को भोजन की गुणवत्ता, भंडारण, वितरण प्रक्रिया एवं स्वच्छता मानकों की विस्तृत जाँच करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही पीएसएम, माइक्रोबायोलॉजी और मेडिसीन विभाग के तीन विशेषज्ञों की एक उच्चस्तरीय समिति ने अलग से मामले की जाँच शुरू कर दी है. यह कमेटी दो दिनों के अंदर मामले की जांच कर रिम्स निदेशक और अधीक्षक को रिपोर्ट देंगे.
संस्थान ने स्पष्ट किया है कि जाँच में यदि किसी कर्मचारी, संविदाकर्मी अथवा संबंधित एजेंसी की लापरवाही अथवा जलाबदेही निर्धारित होने पर उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी.
