रांची– झारखंड कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित झारखंड स्नातक योग्यता धारी संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा 2023 में कथित अनियमितता के संबंध में दर्ज सीआईडी थाना कांड संख्या 01/2025 में एसआईटी ने देवघर से एक क्लर्क सुधाकर कुमार को उठाया है.
फिलहाल वह दुमका में पोस्टेड है. इससे पहले रांची में पशुपालन विभाग में कार्यरत था.
सीआईडी की टीम उसे लेकर रांची आई है. उससे अलग-अलग बिंदुओं पर पूछताछ की जा रही है.
सुधाकर मूल रूप से बिहार के बांका जिले के जयपुर थाना क्षेत्र का रहने वाला है.
सीआईडी ने उसे देवघर के रिखिया थाना क्षेत्र के बैजनाथपुर बंधा इलाका स्थित एक घर से उठाया और उसे रांची लाया है.
सुधाकर यादव का नाम पूर्व में पूछताछ में आए अभ्यर्थियों ने ही सीआईडी के सामने लिया है.
अब सुधाकर ने जांच एजेंसी को बताया है कि बड़े पैमाने पर फर्जी ढंग से अभ्यर्थियों को पास कराया गया है. जांच एजेंसी को उसके पास से कई चेकबुक, दस्तावेज बरामद किए गए हैं.
अब जांच एजेंसी यह पता करने में जुटी है कि सुधाकर का सेटिंग सिंडिकेट में क्या रोल रहा है और उसने किन अभ्यर्थियों की सेटिंग करायी है.
कोडरमा के दोनों युवकों पूछताछ जारी
कोडरमा के डोमचांच के दोनों संदिग्ध युवकों राजेश प्रसाद यादव व संदीप कुमार से सीआईडी ने रविवार को भी दिनभर पूछताछ की.
दोनों युवकों पर अभ्यर्थियों को मदद पहुंचाने का संदेह है.
संदिग्ध राजेश प्रसाद यादव व संदीप कुमार के बारे में भी पूर्व में पूछताछ के लिए बुलाए गए अभ्यर्थियों ने ही जानकारी दी थी और बताया था कि ये दोनों भी कथित पेपर लीक मामले में संदिग्ध हैं और कई अभ्यर्थियों को परीक्षा पास कराने में मदद की है. जांच एजेंसी इस इनपुट को पुख्ता करने में जुटी है.
जेएसएसी- सीजीएल में अब तक कम से कम एक दर्जन लोगों की गिरफ्तारी हुई है. इनमें नौ सफल अभ्यर्थी भी शामिल हैं.
