रांचीः कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव और बड़कागांव से पूर्व विधायक अंबा प्रसाद मंगलवार को रांची के सदर अस्पताल में भर्ती अनशनकारियों और प्रदर्शन के दौरान घायल छात्रों से मिलने पहुंचीं. स दौरान वे दस दिनों से भूख हड़ताल कर रहे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो से भी मिले, जिनकी सोमवार की शाम तबीयत बिगड़ने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
छात्रों से मिलने के बाद पूर्व विधायक ने कहा कि छात्र यदि पूरे मामले की सीबीआइ जांच की मांग कर रहे हैं, तो सरकार को इससे पल्ला नहीं झाड़ना चाहिए.
उन्होंने सरकार से मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआइ जांच का आदेश देने की मांग की. अंबा प्रसाद ने कहा कि यदि राज्य के पुलिस विभाग को ही मामले की जांच सौंपी जाती है, तो निष्पक्षता को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है.
उन्होंने कहा कि जिस व्यवस्था पर आरोप लग रहे हों, उसी राज्य की पुलिस से पूरे मामले की जांच कराना पारदर्शिता का प्रतीक नहीं हो सकता. हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि सीबीआइ जांच की मांग उनका व्यक्तिगत विचार है.
अंबा प्रसाद ने विधानसभा घेराव के दौरान प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज की भी निंदा की है. उनका कहना है कि कांग्रेस के नेता राहुल गांधी हमारे झारखंड के छात्रों के साथ है और कोई भी हिंसक कार्यवाही का उन्होंने कड़े शब्दों में निंदा की है.
‘सरकार में कांग्रेस की भागीदारी है, अन्याय में नहीं’
अंबा प्रसाद ने कहा कि राज्य सरकार में कांग्रेस की भागीदारी है और इसमें दो राय नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि युवाओं के साथ अन्याय होने पर पार्टी चुप रहेगी. उन्होंने कहा कि यदि जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षा विवाद को दबाने की कोशिश होती है या युवाओं के साथ अन्याय किया जाता है, तो उसमें कांग्रेस की भागीदारी नहीं हो सकती.
पूर्व विधायक ने कहा कि राजनीति अपनी जगह है, लेकिन जनता और युवाओं के हित उससे ऊपर हैं. उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों की मांगों और उनके आंदोलन की गंभीरता को समझना होगा.
अंबा प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस इस बात से सहमत है कि JPSC और JSSC की परीक्षाओं में कथित घोटाले और गड़बड़ी के आरोपों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि इन परीक्षाओं को लेकर छात्र जिस तरह से आंदोलन कर रहे हैं, कांग्रेस उनके साथ खड़ी है.
