रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ 22 दिनों से रांची में आंदोलन कर रहे छात्रों ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर शनिवार को राजधानी में तिरंगा यात्रा निकाली. इस दौरान भूख हड़ताल पर बैठे अनशनकारी व्हीलचेयर में बैठकर रैली में शामिल हुए. .
इससे पहले जयपाल सिंह स्टेडियम में चल रहे छात्र आंदोलन के बीच छात्रों ने स्टेडियम परिसर में तिरंगा फहराया. इसके बाद छात्रों ने पूरे शहर में विशाल तिरंगा यात्रा निकाली. इस यात्रा में छात्रों का हुजूम उमड़ पड़ा.
तिरंगा यात्रा जयपाल सिंह स्टेडियम से निकलकर कचहरी चौक, न्यूक्लियस मॉल, जेल चौक होते हुए अल्बर्ट एक्का चौक पहुंची। पूरे यात्रा मार्ग में छात्र लगातार भारत माता की जय के नारे लगाते रहे. अलबर्ट एक्का चौक पहुंचने पर छात्रों ने सामूहिक रूप से भारत माता की जय का उद्घोष किया. राष्ट्रगीत गाए गए.
छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से देशभक्ति के नारों के साथ अपनी मांगें रखीं. आंदोलन में शामिल छात्रों का कहना था कि स्वतंत्रता दिवस के दिन उन्होंने देश के प्रति सम्मान और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाने का संदेश दिया है.
आंदोलनकारी छात्रों ने कहा कि देश के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों और शहीदों को नमन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है. इसी भावना के साथ तिरंगा यात्रा में शामिल छात्रों पर लोगों ने पुष्प वर्षा की. व्हीलचेयर पर मौजूद छात्रों का भी लोगों ने सम्मान किया और उनके संघर्ष के प्रति समर्थन जताया.
परीक्षाओं को रद्द कर सीबीआइ जांच की मांग
आंदोलन कर रहे छात्रों की प्रमुख मांग जेपीएससी और जेएसएसी से जुड़ी परीक्षाओं को लेकर है. छात्रों का कहना है कि जिन परीक्षाओं को लेकर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं, उन्हें रद्द किया जाना चाहिए.
साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए सीबीआई जांच कराने की मांग भी वे जोर देते रहे हैं. छात्र नेताओं ने एक बार फिर कहा है कि सरकार जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लेती, आंदोलन जारी रहेगा.
गौरतलब है कि सरकार ने इस मसले को सुलझाने के लिए चार मंत्रियों की कमेटी गठित की है. इस कमेटी ने छात्रों के प्रतिनिधिमंडल के साथ तीन दौर की वार्ता की है. लेकिन कोई ठोस हल नहीं निकला है.
विधानसभा के मानसून सत्र में मुख्यमंत्री ने जेपीएससी की 14वीं परीक्षा के साथ बैकलॉग परीक्षा रद्द करने की भी घोषणा की है.
जेपीएससी की परीक्षाओं में गड़बड़ियों की जांच के लिए सरकार ने सीआइडी को जिम्मेदारी दी है. सीआइडी ने आयोग के पूर्व चेयरमैन एल ख्यांग्ते , परीक्षा उप नियंत्रक श्वेता गुप्ता समेत 22 लोगों को अब तक गिरफ्तार किया है. इनमें गलत तरीके से जेपीएससी की परीक्षा पास करने वाले कई अभ्यर्थी और परीक्षा लेने वाली एजेंसी टीडीपीएल के अधिकारी, कर्मचारी भी शामिल हैं. हालांकि, आंदोलनरत छात्रों को सीआइडी जांच पर भरोसा नहीं है.
