रांचीः राज्यसभा के सांसद और झारखंड प्रदेश बीजेपी के अध्यक्ष आदित्य साहू ने एक बार फिर कहा है कि जेपीएससी और जेएसएसी की परीक्षाओं में गड़बड़ियों को लेकर झारखंड में चल रहे छात्रों के आंदोलन पर कांग्रेस के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी चुप्पी तोड़ें.
दिल्ली मामले पर पूरा आसमान सिर पर उठाने वाले कांग्रेस के नेता झारखंड में कांग्रेस-जेएमएम की सरकार की कारगुजारियों पर पर्दा डाल रहे हैं.
उन्होंने कहा कि झारखंड का युवा इन दोहरे चरित्र वालों से जवाब मांग रहा है. राहुल गांधी और कांग्रेसियों को झारखंड के युवा, छात्र खोज रहे हैं. हेमंत सरकार इस बार युवाओं के इस आक्रोश के सामने नहीं टिकने वाली.
सीएम भी जवाब दें
आदित्य साहू ने कहा कि मुख्यमंत्री को बताना होगा कि आखिर क्यों झारखंड की सभी भर्ती परीक्षाएँ बार-बार विवादों में घिर जाती हैं. यह शर्मनाक बात है कि सॉल्वर सिंडिकेट का कथित मास्टरमाइंड यहां प्रशासनिक सेवा का अधिकारी बना बैठा है. आखिर झारखंड के लाखों युवाओं के सपनों को कब तक रौंदा जाता रहेगा. हेमंत सरकार झूठे दावों में व्यस्त है, जबकि झारखंड का युवा अपने भविष्य की लड़ाई लड़ने सड़कों पर उतरने को मजबूर है
उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों के शांतिपूर्ण आंदोलन को कुचलने के लिए सरकार जितनी ताकत लगाएगी, छात्र आंदोलन उतना मजबूत होगा. जेपीएससी की परीक्षा की सीबीआइ जांच से सरकार बच क्यों कर रही है.
श्री साहू ने कहा कि जेपीएससी, जेएसएसी के खिलाफ सड़कों पर रात-दिन डटे छात्र आज सूखा चावल खाकर भी आंदोलन करने को मजबूर हैं. इन आंदोलनरत छात्रों के लिए पीने के पानी, शौचालय तक की व्यवस्था नहीं किया जाना दुखद है.
